ॐ स्वामी

सुखी विवाह के रहस्य

यहाँ एक विवाह किस प्रकार सफल हो उसके लिए कुछ  रहस्य दिए जा रहे हैं, संत कबीर के जीवन की एक गहन दृष्टि  से पूर्ण कहानी के साथ

हताश व्यक्ति ने जो कि बड़ी ही आशा से कबीर के बारे में उनकी कुशाग्रबुद्धि   की बातें सुनकर आया था, कबीर से कहा क्या आपके पास मेरे लिए कोई सलाह है? कबीर ने अपने चरखे पर वस्त्र कातते हुए कहा क्यों? क्या हुआ? “ मेरी पत्नी और मैं बिलकुल अनुरूप नहीं  हैं। हम हर चीज़ पर बहुत वाद-विवाद करते हैं। मैं नहीं जानता मैं अपने विवाह को कैसे बचाऊँ।” कबीर ने अपनी कताई रोककर कहा; मेरे मित्र! निराश न हो, हर चीज़ का हमेशा कोई हल होता है। मौन में…read more

शांत कैसे बनें?

आप शांति में कैसे रहें और अपने सम्बंधों को आहत न करें। इस पर एक स्वर्णिम सलाह के साथ यहाँ एक सरल कहानी है

पिछले वर्ष जब मैं ओशो के सिक्रेट्स ओफ़ सिक्रेट्स को सुनते हुए( धन्यवाद है कि यह श्रव्य था ), मैने एक रूसी संत जी आइ गुर्दजीफ़्फ़ के जीवन से एक कहानी सुनी। हालाँकि मैने स्वयं कुछ वर्ष पूर्व उनकी पुस्तकों  का स्वयं अध्ययन किया तो उनमें मैने उनके जीवन की ऐसी  किसी घटना के बारे में नहीं पढ़ा और ना ही इस प्रकार की किसी घटना का पी डी ओऊसपेंस्की   (वे  काफ़ी दीर्घ काल तक  उनके शिष्य रहे ) की पुस्तकों में  कहीं वर्णन है। इसलिए हालाँकि  मैं इस कहानी …read more

वह पात्र जो कभी नहीं भरता

यहाँ एक सुंदर कहानी दी जा रही है जो आपको सोचने के लिए विवश करेगी

अघोरी ने कहा “हे महाराज ! मैं बड़ी  ही आशा से आया हूँ क्या आप  मेरी इच्छा पूर्ण करेंगे?” राजा ने उत्तर दिया कहिए आपको क्या चाहिए? मेरे पास दान के लिए बहुत कुछ है। “ मुझे बस यह प्याला भरना है।”अघोरी ने अपना प्याला आगे बढ़ाया। “ बस इतना ही? यह तो मेरे सामाजिक कार्य संबंधी मंत्री ही कर देंगे। क्या आप मेरा  मज़ाक़ बना रहे हैं? बस भिक्षा का कमंडल! मैं बहुत अपमानित अनुभव कर रहा  हूँ।” राजा भद्रघोष ने उपरोक्त बातें कहीं, क्योंकि लोक कल्याण के कार्यों …read more

कष्ट के उपहार

यहाँ एक सुंदर कहानी दी जा रही है जो यह दर्शाती है कि जीवन में कठिन परिस्थितियों का सामना हम कैसे करें।

एक प्रसिद्ध जेन सन्यासी बीते वर्ष के विदाई हेतु आयोजित भोज में गए इसका आयोजन एक श्रेष्ठ धनी व्यक्ति ने किया था। यहाँ पर आने वाला शहर का प्रत्येक व्यक्ति जो एक दूसरे से मिल रहा था समारोह को एक अद्भुत रंग प्रदान कर रहा था, जो एक सामान्य अवलोकन करने वाले को आश्चर्य चकित कर देता था। शानदार जापानी नर्तकियाँ, महँगी शराब, सुगंध के झोंके सारे हाल को आपूरित कर रहे थे। और स्वादिष्ट भोजन की सुगंध इंद्रियों को मदमस्त कर रही थी। एक उच्च कुलीन व्यक्ति जेन सन्यासी…read more

एक प्रतिभावान का निर्माण करना

क्या यह सम्भव है कि किसी बच्चे को प्रतिभावान बनाया जा सकता है या एक प्रकृति के द्वारा प्रतिभावान जन्म लेते हैं? यहाँ एक मनोहर किंतु सच्ची कहानी दी जा रही है।

सन १९७३ की बात है सूज़न जो कि ४ वर्ष की थी, ने  अपने अतिथि गृह की आलमारी को खोला तो एक छोटे से थैले  से अनेक शतरंज के मोहरे  गिर पड़े ,और  उसके ठीक सामने शतरंज की बिसात लिपटी हुई पड़ी हुई थी।उसने उनको बाहर निकाला और शतरंज के  मोहरों को भ्रमित होकर उसी प्रकार देखा जैसे कि उसकी आयु के बच्चे को देखना चाहिए। सूज़न ने एक मोहरे  को हाथ में लेकर परीक्षण करते हुए भोले पन से पूछा  माँ यह क्या है ? जसूजसा  की माँ ने…read more